
✍🏻 सत्यम, रिपोर्टर, पीटीएन
📍 जालंधर। 29 मार्च
📰:-जालंधर पुलिस ने एक बड़े फिरौती मामले का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी खुद को गोल्डी बराड़ गैंग का सदस्य बताकर एक एनआरआई परिवार, जो उनके रिश्तेदार थे, से करोड़ों रुपये की मांग कर रहे थे। एसपी डी विनीत अहलावत ने बताया कि पीड़ित बलजिंदर कौर (गांव शंकर) ने बताया कि 12 जनवरी 2026 की रात करीब 11:30 बजे उनके पति को एक विदेशी नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को गोल्डी बराड़ ग्रुप का सदस्य बताते हुए ₹2 करोड़ की मांग की और 10 दिन में पैसे न देने पर गंभीर अंजाम भुगतने की धमकी दी। इसके बाद 21 मार्च को उनके बेटे रणजीत सिंह, जो विदेश में रहते हैं, को भी कॉल और व्हाट्सएप मैसेज भेजे गए। इसमें ₹1.5 करोड़ की मांग की गई और घर पर फायरिंग की धमकी दी गई। आरोपियों ने परिवार की फॉर्च्यूनर गाड़ी और कोठी का जिक्र कर डर का माहौल बना दिया।
—-
रिश्तेदार था आरोपित जानता था आसानी से मिल जाएगा पैसा
थाना सदर नकोदर शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि इस पूरी साजिश के पीछे परिवार का ही एक रिश्तेदार शामिल था। मुख्य आरोपी तीरथ सिंह (निवासी बहादुरपुर, हाल निवासी कनाडा) फरवरी में भारत आया था और उसने अपने साथी जशनदीप सिंह (टैक्सी चालक, निवासी धर्मकोट) के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई। तीरथ पीड़ित परिवार का रिश्तेदार था और जानता था कि डराएगा आएगा तो पैसे मिल जाएंगे। तीरथ सिंह ने परिवार की संपत्ति और आर्थिक स्थिति की जानकारी दी, जबकि जशनदीप सिंह ने विदेशी ई-सिम लेकर अपने घर से कॉल और व्हाट्सएप मैसेज भेजे ताकि पुलिस से बचा जा सके। दोनों ने फिरौती की रकम बांटने की योजना भी बनाई थी।
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को ट्रेस कर गिरफ्तार कर लिया है। अब उन्हें अदालत में पेश कर रिमांड लिया जाएगा। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और आगे और खुलासे हो सकते हैं।
—-
तीरथ का कनाडा में था ट्रांसपोर्ट का काम
मुख्य आरोपित और इस मामले का किंग पिन तीर्थ कनाडा में ट्रांसपोर्ट का काम करता था। उसकी अपनी ट्रांसपोर्ट थी। वही जशनदीप टैक्सी चालक है। दोनों अपने एक रिश्तेदार के जरिए संपर्क में आए थे। तीरथ ने जशनदीप को विदेश जाने और पैसे का लालच दिया।
Author: punjabtimesnow
“पंजाब की हर धड़कन की खबर, सबसे पहले और सबसे सच।”📰🔥




